मिर्जापुर। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सेमफोर्ड स्कूल, बसही में देशभक्ति और राष्ट्रप्रेम से जुड़ा भव्य आयोजन किया गया। विद्यालय की ओर से निकाली गई तिरंगा यात्रा में कक्षा एक से लेकर 12वीं तक के छात्र-छात्राओं ने उत्साह के साथ भाग लिया। हाथों में तिरंगा लेकर निकले विद्यार्थियों ने पूरे मार्ग में देशभक्ति और एकता का संदेश दिया। यात्रा के दौरान स्वतंत्रता सेनानियों की वेशभूषा में सजे छोटे बच्चों ने लोगों का विशेष ध्यान आकर्षित किया।
स्वतंत्रता दिवस समारोह की शुरुआत विद्यालय परिसर में ध्वजारोहण के साथ हुई। विद्यालय के निदेशक विवेक बरनवाल, शिप्रा बरनवाल और प्रधानाचार्य संतोष कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से ध्वजारोहण किया। इसके बाद राष्ट्रगान हुआ और विद्यालय परिसर में मौजूद छात्र-छात्राओं, शिक्षकों तथा कर्मचारियों ने राष्ट्रध्वज को सम्मानपूर्वक सलामी दी।
राष्ट्रगान के बाद तिरंगा यात्रा को रवाना किया गया। यात्रा में शामिल विद्यार्थियों में स्वतंत्रता दिवस को लेकर खास उत्साह दिखाई दिया। बच्चों ने हाथों में तिरंगा लेकर अनुशासन के साथ कदम बढ़ाए और देशभक्ति के नारों से वातावरण को उत्साहपूर्ण बना दिया।
स्वतंत्रता सेनानियों की वेशभूषा में दिखे बच्चे
तिरंगा यात्रा का सबसे आकर्षक हिस्सा स्वतंत्रता सेनानियों की वेशभूषा में तैयार होकर शामिल हुए नन्हे-मुन्ने बच्चे रहे। बच्चों ने अलग-अलग स्वतंत्रता सेनानियों के व्यक्तित्व और उनके योगदान को अपनी वेशभूषा के माध्यम से प्रदर्शित किया।
इन बच्चों ने लोगों को देश के स्वतंत्रता आंदोलन और उन महान व्यक्तित्वों के संघर्ष की याद दिलाई, जिन्होंने देश की आजादी के लिए अपना जीवन समर्पित किया। छोटे बच्चों की प्रस्तुति ने राहगीरों और स्थानीय लोगों का ध्यान खींचा।
बैंड की धुनों के बीच निकली तिरंगा यात्रा
विद्यालय का बैंड दल देशभक्ति की धुनें बजाते हुए यात्रा में शामिल हुआ। ड्रम की गूंज और देशभक्ति संगीत के बीच छात्र-छात्राओं की यात्रा आगे बढ़ी। हाथों में लहराते तिरंगे और देशभक्ति के नारों से पूरा मार्ग राष्ट्रप्रेम की भावना से भर गया।
बसही विद्यालय परिसर से शुरू हुई तिरंगा यात्रा नटवा तिराहे से होते हुए पॉपुलर हॉस्पिटल तक पहुंची। रास्ते में लोगों ने यात्रा को देखा और बच्चों के उत्साह की सराहना की।
अभिभावकों और नागरिकों ने भी लिया हिस्सा
तिरंगा यात्रा में केवल छात्र-छात्राएं ही शामिल नहीं रहे, बल्कि अभिभावकों, शिक्षकों, विद्यालय कर्मचारियों और नगर के गणमान्य नागरिकों ने भी अपनी सहभागिता दर्ज कराई।
अभिभावकों की मौजूदगी से बच्चों का उत्साह और बढ़ा। कई स्थानों पर लोगों ने तिरंगा यात्रा का स्वागत किया और विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया। यात्रा में शामिल लोगों ने एकता और राष्ट्रप्रेम का संदेश दिया।
देश के इतिहास से बच्चों को जोड़ने का प्रयास
तिरंगा यात्रा का उद्देश्य केवल स्वतंत्रता दिवस मनाना नहीं था, बल्कि विद्यार्थियों को देश के इतिहास और स्वतंत्रता संग्राम से जोड़ना भी रहा। स्वतंत्रता सेनानियों की वेशभूषा में बच्चों की भागीदारी ने इस उद्देश्य को और प्रभावी बनाया।
विद्यालय प्रबंधन का मानना है कि बच्चों को देश के इतिहास, स्वतंत्रता संग्राम और महान स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान की जानकारी बचपन से दी जानी चाहिए। इससे उनमें देश के प्रति सम्मान और जिम्मेदारी की भावना विकसित होती है।
पॉपुलर हॉस्पिटल से वापस विद्यालय पहुंची यात्रा
बसही से शुरू हुई तिरंगा यात्रा नटवा तिराहे से होते हुए पॉपुलर हॉस्पिटल तक पहुंची। यहां से यात्रा वापस विद्यालय परिसर की ओर रवाना हुई। वापसी के बाद विद्यालय परिसर में यात्रा का समापन किया गया।
पूरी यात्रा के दौरान विद्यार्थियों ने अनुशासन बनाए रखा। शिक्षकों और विद्यालय कर्मचारियों ने भी बच्चों के साथ रहकर यात्रा को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने में सहयोग किया।
शिक्षा के साथ नागरिक जिम्मेदारी भी जरूरी
कार्यक्रम के अवसर पर विद्यालय के निदेशक विवेक बरनवाल और शिप्रा बरनवाल ने सभी को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन बच्चों को देश के इतिहास और स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग से परिचित कराने का माध्यम बनते हैं।
उन्होंने कहा कि बच्चों को केवल किताबी ज्ञान देना ही शिक्षा का उद्देश्य नहीं है, बल्कि उनमें देश, समाज और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना भी आवश्यक है।
अच्छे नागरिकों के निर्माण पर जोर
प्रधानाचार्य संतोष कुमार सिंह ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य विद्यार्थियों को बेहतर इंसान और जिम्मेदार नागरिक बनाना भी है। बच्चों को देश के प्रति अपने कर्तव्यों को समझना चाहिए और समाज में सकारात्मक भूमिका निभाने के लिए तैयार होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि तिरंगा यात्रा के माध्यम से विद्यार्थियों को राष्ट्रप्रेम, एकता, अनुशासन और जिम्मेदारी का संदेश देने का प्रयास किया गया। बच्चों की भागीदारी से यह संदेश समाज तक भी पहुंचा।
तिरंगे के साथ गूंजे देशभक्ति के नारे
यात्रा के दौरान विद्यार्थियों के हाथों में तिरंगे लहराते रहे। देशभक्ति के नारों और बैंड की धुनों के बीच निकली यात्रा ने स्वतंत्रता दिवस के उत्सव को खास बना दिया। मार्ग में मौजूद लोगों के लिए भी यह यात्रा आकर्षण का केंद्र रही।
विद्यालय के छोटे बच्चों से लेकर वरिष्ठ कक्षाओं के विद्यार्थियों तक ने पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया। इससे कार्यक्रम में सभी आयु वर्ग के विद्यार्थियों की भागीदारी दिखाई दी।
राष्ट्रप्रेम, एकता और अनुशासन का संदेश
सेमफोर्ड स्कूल की यह तिरंगा यात्रा स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विद्यार्थियों के बीच देशप्रेम की भावना को मजबूत करने का माध्यम बनी। यात्रा ने यह संदेश दिया कि देश के प्रति सम्मान केवल एक दिन तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि नागरिक जीवन में भी इसका प्रभाव दिखाई देना चाहिए।
कार्यक्रम में बच्चों की भागीदारी, स्वतंत्रता सेनानियों की वेशभूषा, देशभक्ति संगीत और तिरंगे के साथ निकली यात्रा ने स्वतंत्रता दिवस के आयोजन को यादगार बना दिया।
कुल मिलाकर सेमफोर्ड स्कूल, बसही की तिरंगा यात्रा ने विद्यार्थियों को देश के इतिहास और स्वतंत्रता संग्राम से जोड़ने के साथ राष्ट्रप्रेम, एकता, अनुशासन और नागरिक जिम्मेदारी का संदेश दिया। विद्यालय परिसर से शुरू होकर नटवा तिराहे और पॉपुलर हॉस्पिटल तक पहुंची यह यात्रा वापस विद्यालय परिसर में समाप्त हुई, लेकिन बच्चों द्वारा दिया गया देशभक्ति और जिम्मेदारी का संदेश पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना रहा।
![]()



